‘देश की हर थाली में होगा एक बिहारी व्यंजन’

0
46
President Ramnath Kovind & CM Nitish Kumar at the launch of Agriculture Road Map 2017-2022
President Ramnath Kovind & CM Nitish Kumar at the launch of Agriculture Road Map 2017-2022

गुरुवार को बिहार में तीसरे कृषि रोडमैप 2017-2022 का शुभारंभ किया गया। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने रोडमैप का शुभारंभ किया। इस मौके पर राष्ट्रपति ने कहा कि चंपारण शताब्दी वर्ष में कृषि रोडमैप का लोकार्पण बेहतर कदम है। इससे किसानों को फायदा होगा। इस दौरान सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि आज से नए युग की शुरुआत हो रही है। उन्होंने कहा कि जल्द ही देश की हर थाली में एक बिहारी व्यंजन पहुंचाना हमारा लक्ष्य है।

कृषि रोडमैप का शुभारंभ करने पटना पहुंचे राष्ट्रपति कोविंद का स्वागत और अभिनंदन करते हुए मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने कहा कि राज्यपाल रहते हुए राष्ट्रपति पद पर पहुंचने वाले पहले व्यक्ति हैं महामहिम और राष्ट्रपति बनने के बाद वे पहली बार बिहार आए हैं। इसलिए विशेष तौर पर आपका स्वागत है। बिहार का राज्यपाल रहते राष्ट्रपति बनना हमारे लिए गौरव की बात है।

उधर बिहार आकर राष्ट्रपति कोविंद खासे भावुक दिखे। उन्होंने कहा, मैं जन्म से तो नहीं लेकिन कर्म से बिहारी हूं। बिहारीपन ही मेरी पहचान है, जिस पर मुझे गर्व है। बिहार का राज्यपाल रहते हुए मुझे जो प्यार और स्नेह मिला वह जीवन भर के लिए यादगार क्षण बनकर दिल में रहेगा। राजभवन से लेकर राष्ट्रपति भवन का सफर मेरे जीवन के यादगार वर्ष रहेंगे।

कृषि के क्षेत्र में बिहार की संभावनाओं पर बात करते हुए राष्ट्रपति कोविंद ने कहा कि बिहार के किसान मेहनती हैं और बिहार में कृषि की अपार संभावनाएं हैं। उन्होंने कहा कि जल प्रबंधन प्रणाली बेहतर तरीके से लागू हो जाए तो अगली हरित क्रांति बिहार से हो सकती है। कृषि रोड मैप में शामिल जैविक कॉरिडोर से बड़ा बदलाव आ सकता है। कृषि रोड मैप से बिहार की अर्थव्यवस्था मजबूत होगी और बिहार की छवि को और बेहतर करने में सुविधा मिलेगी।

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने तीसरे कृषि रोड मैप के संबंध में बताया कि इसके तहत पांच वर्ष में 12 विभागों के माध्यम से विभिन्न योजनाओं पर 1.54 लाख करोड़ रुपए खर्च किए जाएंगे। इस रोड मैप का लक्ष्य किसानों की आमदनी को बढ़ाना है। इसके लिए हर क्षेत्र में काम किया गया है। सिंचाई को बेहतर बनाने के लिए सिंचाई विभाग को अंदरुनी तौर पर दो हिस्सो में बांटा गया है। एक हिस्सा बाढ़ नियंत्रण का काम देखेगा और दूसरा हिस्सा सिंचाई परियोजनाओं को देखेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों के लिए सहकारी समिति बनायी जाएगी, जिसमें किसानों के आधारभूत संरचना का विकास किया जाएगा। कार्यक्रम को राज्यपाल सत्यपाल मलिक, उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, कृषि मंत्री प्रेम कुमार आदि ने भी संबोधित किया।

‘बोल बिहार’ के लिए डॉ. ए. दीप

Comments

comments

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here